जो सेवे सतगुरु के चरण

जो सेवे सतगुरु के चरण

जो सेवे सतगुरु के चरण,
पावे वो भक्ति का धन,
सफल हो जाए ये जीवन,
जोत जगे फिर अंतर मन।

जिसने की चरणों की पूजा,
शेष रहा ना धर्म दूजा,
अड़सठ तीर्थ गुरु चरणनं।

गुरु में है ऐसी शक्ति,
सिर से हजारों बलाए टलती,
मिट जाए फिर सारे भरम।

मुक्ति का द्वारा श्री चरण कमल,
दास करे यही विनय भगवान,
श्री चरणों में जुड़ा रहे मन,
सफल हो जाए तन ओर मन।
 



दिव्य ज्योति दिवस।। 2nd June special bhajan ।। जो सेवे सतगुरु के चरण।।

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