प्रसिद्ध जैन भजन की लिरिक्स यहाँ पर दी गई हैं जिसका टाइटल "मेरे दुःख के दिनों में वो बड़े काम आते हैं" है। इस भजन में ईश्वर के दयालु स्वभाव को चित्रित करते हुए साधक कहता है की जब भी जीवन में कोई बाधा आती है, संकट आता है तो ईश्वर उनकी मदद करते हैं। ईश्वर जो जो भी दिल से याद करता है वे स्वंय उनके घर पर आकर उसकी पीड़ाओं को दूर करते हैं क्योंकि वे साधक के मन की बात को जान जाते हैं। जब बाबा साथ होता है तो अन्य किसी की दरकार नहीं होती है। ईश्वर सदियों से अपने भक्तों पर सुदामा की भाँती करुणा करते हैं और उनकी झोलियों को भर देते हैं।
बहुत दिल में उतर जाने वाला जैन भजन - मेरे दुःख के दिनो में वो बड़े काम आते है, बाबा मेरी पीड़ा, बाबा मेरी पीड़ा, पहचान जाते हैं, मेरे दुःख के दिनो में वो बड़े काम आते है मेरी नैया चलती है पतवार नहीं होती, किसी और अब मुझ को दरकार नहीं होती, मझदार में नाव मेरी, मझदार में नाँव मेरी, वो पार लगाते हैं, मेरे दुख के दिनों में वो, बड़े काम आते है, मेरे दुःख के दिनो में वो, बड़े काम आते हैं।
दिल से जो याद करें, ये उनके घर आएं, दर पे फ़रियाद करे, ये झोली भर जाएं, खुशियों का जीवन में, खुशियों का जीवन में, पैगाम लागे हैं, मेरे दुख के दिनों में वो, बड़े काम आते है, मेरे दुःख के दिनो में वो, बड़े काम आते हैं।
ये बड़े दयालु हैं, दुःख पल में हरते हैं, अपने भक्तों का ये हर काम करते हैं, दुखियों के दुखों को, दुखियों के दुखों को, ये जान जाते हैं, मेरे दुख के दिनों में वो, बड़े काम आते है, मेरे दुःख के दिनो में वो, बड़े काम आते हैं।
ये इतने बड़े होकर, हर किसी को प्यार करें, सदियों से सुदामा के चावल स्वीकार करें, ये भक्तों का कहना, ये भक्तों का कहना, सहज ही मान जाते हैं, मेरे दुख के दिनों में वो, बड़े काम आते है, मेरे दुःख के दिनो में वो, बड़े काम आते हैं।
बहुत प्यारा जैन भजन। मेरे दुःख के दिनो में वो बड़े काम आते है। स्वर -राजेन्द्र जैन
Song: Mere Dukh Ke Deno Singer : Rajendra Jain Music: Rajendra Jain Lyrics: Traditional