ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे, जो नहीं सुने तू मेरी, फिर कौन सुनेगा मेरी, जो तू सुने ना मेरी, फिर कौन सुनेगा मेरी, आया हूँ दर पे तेरे, तुमसे उम्मीद लगाके, ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे।
हारे का सहारा तुझको, कहते हैं सांवरे, हर दम तेरा नाम, जपते हैं सांवरे, आया हूँ दर पे तेरे, तू कष्ट मिटादे मेरे, आजा अब तो आजा, तुझको ढूंढें नैना मेरे, ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे।
हे कलयुग के अवतारी, मेरे श्याम मेरे श्याम, तूने ही सँवारे सबके, बिगड़े काम मेरे श्याम, है तोड़ा नाता जग से, बस आस लगाईं तुमसे, शरण पड़ा हूँ तेरी, मेरे सर पे हाथ फिरा दे, ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे।
कितनो की उम्मीदे तुमसे, बाबा श्याम ना तोडना, ना हाथ नकुल का बाबा छोड़ना ना छोड़ना, अब नज़र महर की कर दे, ये दास तेरा है तरसे, हारे के बन जाओ साथी, ओ हारे के सहारे, ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे।
ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे, जो नहीं सुने तू मेरी, फिर कौन सुनेगा मेरी, जो तू सुने ना मेरी, फिर कौन सुनेगा मेरी, आया हूँ दर पे तेरे, तुमसे उम्मीद लगाके, ओ मेरे श्याम मेरे सहारे, तेरे भरोसे मेरी नाव रे।
Mere Shyam | मेरे श्याम | एक हारे हुए श्याम प्रेमी की सच्ची कहानी | Nakul Gupta | Hindi Bhajan