तुम जानो हमरे संग बीती चेतावनी भजन

तुम जानो हमरे संग बीती चेतावनी भजन

समय समय की बात है,
समय समय का खेल,
कभी समय बिछड़ावत है,
कभी करावे मेल,
एक एक बार सभी संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

राजतिलक का मुहरत भयो जब,
हुआ वनवास राम संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

राम लखन जब वन को सिधाये,
सीता हरण उनके संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

पांच पांडव और छठी द्रोपती,
चीर हरण उनके संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

सूर्य चंद्रमा रहत गगन में,
ग्रहण लग्यो उनके संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

सुर कहे प्रभू अधभूत लीला,
नयन गये हमरे संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।

एक एक बार सभी संग बीती,
तुम जानो हमरे संग बीती।


Sunita Swami || तुम क्यों जाणो हम संग बिती || Tum Kyon Jano Ham Sang || Biti || बहुत ही प्यारा भजन

समय का खेल बड़ा विचित्र है। कभी वह मिलाता है तो कभी बिछड़वा देता है। एक पल में सब कुछ बदल जाता है। राजतिलक का मुहूर्त आया था, लेकिन उसी समय राम जी को वनवास जाना पड़ा। अयोध्या का सुख छूट गया और वन की कठिन राह शुरू हो गई। राम, लक्ष्मण और सीता जी साथ थे, फिर भी दुख का बोझ भारी लग रहा था।
वन में रहते हुए सीता जी का हरण हो गया। राम और लक्ष्मण जी की आँखों में बस वही दर्द था। पाँच पांडव और द्रोपदी के साथ भी ऐसा ही हुआ। जब चीर हरण का समय आया तो सब कुछ छिनता चला गया। सूर्य और चंद्रमा भी गगन में रहकर ग्रहण लगने पर अंधकार में डूब जाते हैं। देवता भी प्रभु की अद्भुत लीलाओं को देखकर हैरान रह जाते हैं।
हर युग में, हर घटना में समय ने अपना खेल दिखाया है। कभी खुशी, कभी गम, कभी मिलन और कभी विरह। लेकिन इन सबके बीच जो सच्चा साथ निभाता है, वही याद रह जाता है। राम जी की मर्यादा, सीता जी का धैर्य और हनुमान जी की भक्ति जैसे उदाहरण आज भी सिखाते हैं कि समय कितना भी कठिन क्यों न हो, सही राह पर चलते रहो तो अंत में अच्छाई ही जीतती है।
जिंदगी में भी कभी-कभी बिछड़ाव हो जाता है, लेकिन सच्चे दिल और भक्ति से सब कुछ फिर से संवर जाता है। समय का खेल समझकर धैर्य रखो, तो हर मोड़ आसान लगने लगता है।

Bhajan ; Tum Kya Jano Ham Sang Biti
Singer : Sunita Swami Jhorda { Nagaur }
Music ; Raju Swami : 7568324470
Recording : Sunita Swami
Video : Krishna Rajasthani & SRJ MUSIC
Next Post Previous Post