(मुखड़ा) माँ अंबे को बुलाऊंगी, दरबार सजाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे लाड़ लड़ाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे लाड़ लड़ाऊंगी।।
(अंतरा) नित राह निहारूंगी, पलकों से बुहारूंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरी नजर उतारूंगी, मेरे घर आजा मैया,
तेरी नजर उतारूंगी।।
तेरी ज्योत जलाऊंगी, संगत को बुलाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, रात-जगा करवाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, रात-जगा करवाऊंगी।।
कंजक रूप बुलाऊंगी, हलवा, पूरी जिमाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, छप्पन भोग लगाऊंगी, मेरे घर आजा मैया,
Mata Rani Bhajan lyrics in hindi
छप्पन भोग लगाऊंगी।।
चुनर लाल ओढ़ाऊंगी, लाल चूड़ियां पहनाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, श्रृंगार सजाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, श्रृंगार सजाऊंगी।।
तेरे चरण पखारूंगी, जी भर के निहारूंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरी आरती उतारूंगी, मेरे घर आजा मैया,
तेरी आरती उतारूंगी।।
रज माथे लगाऊंगी, बलिहारी मैं जाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे चरण दबाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे चरण दबाऊंगी।।
रज-रज गुण गाऊंगी, विप्लव संग ध्याऊंगी, मेरे घर आजा मैया, मीठे भजन सुनाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, मीठे भजन सुनाऊंगी।।
(पुनरावृति) माँ अंबे को बुलाऊंगी, दरबार सजाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे लाड़ लड़ाऊंगी, मेरे घर आजा मैया, तेरे लाड़ लड़ाऊंगी।।
Maa Ambe ko Bulaungi - RAJNEESH SHARMA | Manoj Viplav | Navratri Special Mata Bhajan भक्त अपने घर माँ को बुलाने, दरबार सजाने, ज्योत जलाने और भोग अर्पित करने की इच्छा व्यक्त करते हैं। माँ के चरणों में समर्पण, उनकी आराधना और नवरात्रि के दौरान भक्तों के प्रेम का उल्लेख किया गया है।