अइसन मनोहर मंगल मूरत सोहर भजन
अइसन मनोहर मंगल मूरत सोहर भजन
अइसन मनोहर मंगल मूरत, सुहावन सुंदर सूरत नू हो
ए राजा जी, एकरे त रहल जरुरत, मुहूरत खुबसूरत हो
ए राजा जी, एकरे त रहल जरुरत, मुहूरत खुबसूरत हो ।
हमार जनाता बबुआ GM होइहै
ना ना, ई त DM होइहै हो
ए ललना, हिंद के सितारा ई तो CM होइहै
ओसे ऊपर PM होइहै हो
ए ललना, हिंद के सितारा ई तो CM होइहै
ओसे ऊपर PM होइहै हो ।
होइहै वाइस चांसलर यूनिवर्सिटी के
मेयर लंदन सिटी के नू हो
ए ललना, होम सेक्रेटरी गवर्मेंट के
तो हीरो अपना मिट्टी के नू हो
ए ललना, होम सेक्रेटरी गवर्मेंट के
तो हीरो अपना मिट्टी के नू हो ।
बबुआ हमार महाराज होइहै
राजाधिराज होइहै हो
ए ललना, धातु में हीरा पुखराज होइहै
सिरवा के ताज होइहै हो
ए ललना, धातु में हीरा पुखराज होइहै
सिरवा के ताज होइहै हो ।
मुनि बाबा अइसन बबुआ ज्ञानी होइहै
राजा जी अइसन दानी होइहै हो
ए ललना, अखिल भूमंडल राजधानी होइहै
बापे अस खानदानी होइहै हो
ए ललना, अखिल भूमंडल राजधानी होइहै
बापे अस खानदानी होइहै हो ।
ए राजा जी, एकरे त रहल जरुरत, मुहूरत खुबसूरत हो
ए राजा जी, एकरे त रहल जरुरत, मुहूरत खुबसूरत हो ।
हमार जनाता बबुआ GM होइहै
ना ना, ई त DM होइहै हो
ए ललना, हिंद के सितारा ई तो CM होइहै
ओसे ऊपर PM होइहै हो
ए ललना, हिंद के सितारा ई तो CM होइहै
ओसे ऊपर PM होइहै हो ।
होइहै वाइस चांसलर यूनिवर्सिटी के
मेयर लंदन सिटी के नू हो
ए ललना, होम सेक्रेटरी गवर्मेंट के
तो हीरो अपना मिट्टी के नू हो
ए ललना, होम सेक्रेटरी गवर्मेंट के
तो हीरो अपना मिट्टी के नू हो ।
बबुआ हमार महाराज होइहै
राजाधिराज होइहै हो
ए ललना, धातु में हीरा पुखराज होइहै
सिरवा के ताज होइहै हो
ए ललना, धातु में हीरा पुखराज होइहै
सिरवा के ताज होइहै हो ।
मुनि बाबा अइसन बबुआ ज्ञानी होइहै
राजा जी अइसन दानी होइहै हो
ए ललना, अखिल भूमंडल राजधानी होइहै
बापे अस खानदानी होइहै हो
ए ललना, अखिल भूमंडल राजधानी होइहै
बापे अस खानदानी होइहै हो ।
बबुआ हमर DM होईहे ,बबुआ हमर PM होईहे सोहर गीत | Sohar Geet | Pujya Rajan Jee
ऐसे ही अन्य भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार भजनों को ढूंढें.
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पूज्य राजन जी द्वारा श्री राम जन्म के पावन अवसर पर गाया हुआ यह बहुत ही अद्भुत सोहर है। इस सोहर को स्वर्गीय श्री गायत्री कुमार ठाकुर जी गाते थे। पूज्य राजन जी के परिवार से ठाकुर जी का मधुर संबंध होने के कारण यह सोहर राजन जी को मिला। इस सोहर में दो कवियों की रचना है। आधे भाग को पूज्य श्री लहरी जी ने लिखा है और आधे भाग को श्री शिवानंद मिश्र " शिकारी " जी ने लिखा है।
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पूज्य राजन जी द्वारा श्री राम जन्म के पावन अवसर पर गाया हुआ यह बहुत ही अद्भुत सोहर है। इस सोहर को स्वर्गीय श्री गायत्री कुमार ठाकुर जी गाते थे। पूज्य राजन जी के परिवार से ठाकुर जी का मधुर संबंध होने के कारण यह सोहर राजन जी को मिला। इस सोहर में दो कवियों की रचना है। आधे भाग को पूज्य श्री लहरी जी ने लिखा है और आधे भाग को श्री शिवानंद मिश्र " शिकारी " जी ने लिखा है।
Song Sung By : Sh. Rajesh Kumar Tiwari alias Pujya Rajan JeeMaharaj
Lyrics By: Lt. Shivanand Mishra (Shikari) and Laxman Dubey (Lahrl)
Music Composed By: Sh. Rajesh Kumar Tiwari alias Pujya Rajan Jee Maharaj
Produced & Published By: Pujya Rajan Jee Official
Lyrics By: Lt. Shivanand Mishra (Shikari) and Laxman Dubey (Lahrl)
Music Composed By: Sh. Rajesh Kumar Tiwari alias Pujya Rajan Jee Maharaj
Produced & Published By: Pujya Rajan Jee Official
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मोरा कौन हरे दुःख पीरा होली चौताल
जगदम्बा घर में दियरा बार अइनीं हे
हमार दुलरी मयरिया आ गइली
मोरा कौन हरे दुःख पीरा होली चौताल
जगदम्बा घर में दियरा बार अइनीं हे
हमार दुलरी मयरिया आ गइली
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Author - Saroj Jangir
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