थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही भजन
थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही भजन लिरिक्स
थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही,भादी मावस जद बी आवे मन म्हारा हर्शावे
थारी चुनड की छाया माँ सभी सुहागन चाहवे
सब मिल कर दादी जी थारिया चुनडी ओदाई रही
थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही,
सबी सुहागन बागन मैया थाने खूब स्जावे,
कर सोला शिंगार थारे हाथा मेहँदी रचावे,
सब मिल कर ज्योत लवे दादी जी मंगल गाये रही
थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही,
थारी आंचल की छाया माँ माहरे सिर पर वारो
कहे गोपाल के टाबरियां पर प्यार लुटा दो थारो
थारी किरपा दादी जी या म्हाने तो नचाये रही
थारी चुनड दादी जी लेहर लेहर लहराई रही,
चुनड लहर लहराय रही | DHANDHAN DHAM | Chunar Lahar Lahrai Rahi | Usha Salampuria
► Album - Chunar Lahar Lahrai Rahi
► Song - Chunar Lahar Lahrai Rahi
► Singer - Usha Salampuria
► Music - Shivam Upadhyay
► Lyrics - Hemant Goyal
➤ Label - Vianet Media
➤ Sub Label - Ambey