श्याम तेरे हाथों में हमारी डोर है कृष्ण भजन
श्याम तेरे हाथों में हमारी डोर है भजन
श्याम तेरे हाथों में हमारी डोर है
तेरे सिवा जग में ना कोई और है
ना कोई और है,ना कोई ठौर है
तेरी कबसे राह देखूँ साँवरे प्रीतम
आजा हरले पीर मेरी काट सारे गम
तू ही उगता सूरज तू ही भोर है
दुनियाँ कहती है मूझे तू साथ है मेरे
तुझको क्या है गम श्यामजी साथ हैं तेरे
दिखलाओ शक्ति में कितना जोर है
कुछ ना माँगू आपसे इतनी कृपा करना
मेरे मन मंदिर में गिरधर यूँ सदा रहना
थाम ले बइयाँ तू ही मेरा चितचोर है
ये मुकेश बन गया दीवाना
काम हो गया भजन सुनाना
फैलाता है खुशियाँ चारों और है
तेरे सिवा जग में ना कोई और है
ना कोई और है,ना कोई ठौर है
तेरी कबसे राह देखूँ साँवरे प्रीतम
आजा हरले पीर मेरी काट सारे गम
तू ही उगता सूरज तू ही भोर है
दुनियाँ कहती है मूझे तू साथ है मेरे
तुझको क्या है गम श्यामजी साथ हैं तेरे
दिखलाओ शक्ति में कितना जोर है
कुछ ना माँगू आपसे इतनी कृपा करना
मेरे मन मंदिर में गिरधर यूँ सदा रहना
थाम ले बइयाँ तू ही मेरा चितचोर है
ये मुकेश बन गया दीवाना
काम हो गया भजन सुनाना
फैलाता है खुशियाँ चारों और है
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श्याम तेरे हाथों में हमारी डोर है | फिल्मी तर्ज भजन | shyam tere hatho main , singer Mukesh Kumar
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