तेरे चरणो की भक्ति माँ अम्बे मुझे दे दो भजन
रे चरणो की भक्ति माँ अम्बे मुझे दे दो भजन
तेरे चरणो की भक्ति,माँ अम्बे मुझे दे दो,
वाणी में ही शक्ति,
वाणी में ही शक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो,
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो।
मै भूला हुआ राही हूं,
ना ही कोई सहारा है,
मझधार में है नैया,
बड़ी दूर किनारा है,
मुझे मन्जिल मिल जाये,
मुझे मन्जिल मिल जाये,
निज धाम मुझे दे दो,
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो।
इस जग से क्या लेना,
मैं जग की सताई हूं,
ठुकराकर दुनिया को,
तेरी शरण में आई हूं,
माँ तेरा ही भजन करुं,
माँ तेरा ही भजन करुं,
निज ध्यान मुझे दे दो,
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो।
तेरे नाम की ही मस्ती,
माँ ऐसी चढ़ जाये,
पल पल तेरा नाम जपु,
ऐसी भक्ति बढ़ जाये,
नित मस्त रहूं चित में,
नित मस्त रहूं चित में,
ऐसा ज्ञान मुझे दे दो,
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो।
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो,
वाणी में ही शक्ति,
वाणी में ही शक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो,
तेरे चरणो की भक्ति,
माँ अम्बे मुझे दे दो।
Jag Janani Maa Vaishno Bhajan - Tere charno ki bhakti maa ambe
यह भजन भी देखिये
खोलो खोलो मां मंदिर के द्वारे
भगता नु मस्त बनावे नी मेरा हारा वाला
हसँदा मुस्करादां जा तू नाम ध्यांदा जा