प्रीत मोहन से की इस भरोसे पे Preet Mohan Se Ki Krishna Bhajan
प्रीत मोहन से की,
इस भरोसे पे की,
चार दिन जिंदगी के,
गुजर जायेंगे,
क्या भरोसा था,
ये वक़्त भी आएगा
वादा करके वो,
हमसे मुकर जायेंगे।
कल जो राहो में वो,
इत्तिफाकन मिले,
सुन के अरजो तमन्ना,
वो शर्मा गए,
मुस्कुरा के कहा,
रास्ता छोड़ दो,
हमको जल्दी है हम,
अपने घर जाएंगे।
प्रित मोहन से की,
इस भरोसे पे की,
चार दिन जिंदगी के,
गुजर जायेंगे,
क्या भरोसा था,
ये वक़्त भी आएगा
वादा करके वो,
हमसे मुकर जायेंगे।
ये मिली है खबर,
घर से निकले है श्याम,
अब जाने ना जाने,
कहा जायेंगे,
बा वफा है तो वो,
मेरे घर आएँगे,
बेवफा है तो कुब्जा के,
घर जायेंगे।
प्रित मोहन से की,
इस भरोसे पे की,
चार दिन जिंदगी के,
गुजर जायेंगे,
क्या भरोसा था,
ये वक़्त भी आएगा
वादा करके वो,
हमसे मुकर जायेंगे।
ऐ मेरे दिल तू,
मान जा मान जा,
श्याम है बेवफा,
उनसे दिल ना लगा,
वो आयेंगे आकर,
चले जायेंगे,
तेरी प्रीत को बदनाम,
कर जायेंगे।
प्रित मोहन से की,
इस भरोसे पे की,
चार दिन जिंदगी के,
गुजर जायेंगे,
क्या भरोसा था,
ये वक़्त भी आएगा
वादा करके वो,
हमसे मुकर जायेंगे।