हे गणपति गणेश मैं शरण तुम्हारी आया हूँ
हे गणपति गणेश मैं शरण तुम्हारी आया हूँ
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
मैं शरण तुम्हारी आया हूँ, मेरे काटो सभी कलेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
पीठ में तुमको जो भी ध्याए।।
बिन मांगे ही सब कुछ पाए।।
तुझे पूजते रहे दरवेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
मूषक की करते हो सवारी।।
मंगल मूरत लागे प्यारी।।
मुख चतुर्भुज, कुंडल, केश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
भरी सभा में लाज बचाओ।।
विक्की को दर्शन दिखलाओ।।
प्रभु जगत में करो प्रवेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
मैं शरण तुम्हारी आया हूँ, मेरे काटो सभी कलेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
पीठ में तुमको जो भी ध्याए।।
बिन मांगे ही सब कुछ पाए।।
तुझे पूजते रहे दरवेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
मूषक की करते हो सवारी।।
मंगल मूरत लागे प्यारी।।
मुख चतुर्भुज, कुंडल, केश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
भरी सभा में लाज बचाओ।।
विक्की को दर्शन दिखलाओ।।
प्रभु जगत में करो प्रवेश।।
हे गणपति गणेश, हे गणपति गणेश।।
LORD GANESH || HAY GANPATI GANESH || VERY SOULFUL BHAJAN || SINGER VICKY CHOUHAN