जय माँ कालका सदा ही जय जयकार भजन
जय माँ कालका सदा ही जय जयकार भजन
मां तेरा प्यारा सजा दरबार,मां तेरा प्यारा सजा दरबार,
आ गया नवरात्रि त्यौहार,
जय माँ कालका,
जय माँ कालका,
सदा ही जय जय कार,
माँ तेरी सदा ही,
जय जय कार।
झूमें नाचे गायें मैया,
हम सब तुम्हे मनाते हैं,
हाथ जोड़ करें तेरा सुमिरन,
तेरा ध्यान लगाते हैं,
भक्त खड़े दरबार तुम्हारे,
करने को दीदार,
जय माँ कालका,
जय माँ कालका,
सदा ही जय जय कार,
माँ तेरी सदा ही,
जय जय कार।
पूरब पश्चिम उत्तर दक्षिण,
माँ के नाम की ज्योत जगे,
जो भी पूजे कालका माँ को,
उसके सारे कष्ट मिटे,
माँ काली अपने भक्तो का
करती बेड़ा पार,
जय माँ कालका,
जय माँ कालका,
सदा ही जय जय कार,
माँ तेरी सदा ही,
जय जय कार।
जो भी पाया तुमसे पाया,
तेरा दिया ही खाते हैं,
दर्शन दो अपने भक्तो को,
मिल कर अरज लगाते हैं,
महारानी दरवाजा खोलो,
सुनलो सबकी पुकार,
जय माँ कालका,
जय माँ कालका,
सदा ही जय जय कार,
माँ तेरी सदा ही,
जय जय कार।
मां तेरा प्यारा सजा दरबार,
मां तेरा प्यारा सजा दरबार,
आ गया नवरात्रि त्यौहार,
जय माँ कालका,
जय माँ कालका,
सदा ही जय जय कार,
माँ तेरी सदा ही,
जय जय कार।
भजन श्रेणी : माता रानी भजन (Mata Rani Bhajan)