महादेव मिल जायेंगें शिव भजन हंसराज रघुवंशी
महादेव मिल जायेंगें शिव भजन हंसराज रघुवंशी
शंभू शंभू शंभू,
शंभू शंभू शंभू।
ढूंढ लो जाकर पूरे जग में,
कहीं नहीं मिल पायेंगें,
झांक लो जाकर अपने मन में,
महादेव मिल जायेंगें।
काम तेरा होता जायेगा,
काम वो करते जायेंगें,
भोलेनाथ को जपने वाले,
हार कभी ना पायेंगे।
ढूंढ लो जाकर पूरे जग में,
कहीं नहीं मिल पायेंगें,
झांक लो जाकर अपने मन में,
महादेव मिल जायेंगें।
काम तेरा होता जायेगा,
काम वो करते जायेंगें,
भोलेनाथ को जपने वाले,
हार कभी ना पायेंगे।
शंभू महेश्वराया शंभू,
पिनाकी शशि शेखराया,
वामदेवाया ईशानाया,
महादेवाया शंभू।
महादेवा ओ महादेवा,
बसिया कहां तू महादेवा,
ऊंचिये पहाड़ ढूंढा तुझे,
दिखे कहीं नहीं महादेव।
महादेवा ओ महादेवा,
देवों के देव महादेवा,
बसिया कहां तू महादेवा,
महादेवा ओ महादेवा।
बस एक नाम है ॐ,
जप ले अंधेरे मिट जायेंगे,
संभव है शिव अंदर से,
बाहर भी दिख जायेंगें।
दूर जो करते हैं उदासी,
वो निवासी हैं कैलाशी,
दूर दूर तक देख रहे हैं,
आंख मूंद कर वो सन्यासी।
आएंगे भोले फिर मिलने,
जो शून्य हो जायेंगें,
भोले नाथ के ध्यान में जाकर,
शंभू शंभू गायेंगें।
ढूंढ लो जाकर पूरे जग में,
कहीं नहीं मिल पायेंगें,
झांक लो जाकर अपने मन में,
महादेव मिल जायेंगें।
काम तेरा होता जायेगा,
काम वो करते जायेंगें,
भोलेनाथ को जपने वाले,
हार कभी ना पायेंगे।
Mahadev Mil Jayenge | Hansraj Raghuwanshi | J Hind | DJ String | Sawan Special Shiv Bhajan
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Singer :- Hansraj Raghuwanshi
Rapper :- Jai Hind
Lyrics :- Kabeer Shukla
पूरे जगत में कितना भी ढूंढ लो, बाहर की दुनिया में महादेव कहीं नहीं मिलते। लेकिन जैसे ही आँखें बंद करके मन की गहराई में झाँकते हैं, वहीँ भोलेनाथ विराजमान मिल जाते हैं। वहाँ कोई मंदिर नहीं, कोई पहाड़ नहीं, बस शांत एकांत में बैठे हुए शंभू का नाम गूँजता रहता है। काम जो भी हो, बड़े-छोटे, सब अपने आप होते जाते हैं क्योंकि महादेव का जप करने वाले कभी हार नहीं मानते। उदासी दूर हो जाती है, अंधेरा मिट जाता है, और एक नाम ॐ से सब कुछ संभव हो जाता है। कैलाश के निवासी दूर से ही देखते हैं, लेकिन आँख मूंदकर ध्यान में डूबने पर वे खुद मिलने आ जाते हैं।
शून्य होकर, सब कुछ छोड़कर जब भोलेनाथ के ध्यान में खो जाते हैं, तो शंभू शंभू की धुन खुद-ब-खुद निकलने लगती है। बाहर की तलाश खत्म हो जाती है, क्योंकि असली घर तो मन का ही है जहाँ देवों के देव बसते हैं। पिनाकी, शशि शेखर, वामदेव – सब नाम मन में गूँजते हैं, और जीवन भर की थकान मिट जाती है। आप सभी पर इश्वर की कृपा बनी रहे। जय श्री महादेव जी की।
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