मेरी होली दशहरा दिवाली तेरी कृपा भजन

मेरी होली दशहरा दिवाली तेरी कृपा से है शेरावाली भजन

मेरी होली दशहरा दिवाली,
तेरी कृपा से है शेरावाली,
मेरे आंगन में ये खुशहाली,
तेरी कृपा से है शेरावाली।।

माथे पे टीका गुलाल का लगाऊं,
लाल लाल चूड़ी चुनरिया चढ़ाऊं,
कन्या के रूप में तू आए मां भोली,
खेले मेरे परिवार के साथ होली,
मेरे हाथों में रंगों की थाली,
तेरी कृपा से है शेरावाली।।

जब जब दशहरे का त्योहार आए,
मैंने राम जी में दरस तेरे पाए,
आती है जब विजयादशमी की बेला,
घर मेरे लगता है खुशियों का मेला,
शाम आती रहे ये निराली,
तेरी कृपा से मां शेरावाली।।

बन जाए लक्ष्मी तू धन बरसाए,
दीपावली का पर्व जब आए,
तू प्यार का देकर उपहार मैया,
भर जाती है मेरे भंडार मैया,
मेरी होती तिजोरी ना खाली,
तेरी कृपा से मां शेरावाली।।

मेरी होली दशहरा दिवाली,
तेरी कृपा से है शेरावाली,
मेरे आंगन में ये खुशहाली,
तेरी कृपा से है शेरावाली।।



Meri Holi Dushera Diwali

ऐसे ही मधुर भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार सोंग्स को ढूंढें.
 

पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।

 
Provided to YouTube by Super Cassettes Industries Private Limited
Meri Holi Dushera Diwali · Sonu Nigam · Tulsi Kumar · Shivani · Arvind Jha · Balbir Nirdosh
Main Kanjkaan Poojne Aayi Bhawani
℗ Super Cassettes Industries Private Limited
Released on: 2003-03-28
Auto-generated by YouTube.
 
माँ शेरावाली की कृपा से हर त्योहार में रंग भर जाता है, जैसे आँगन में खुद उनका आना हो गया हो। होली की वो लाल-लाल चुनरिया और गुलाल का टीका, दशहरे की वो राम-दर्शन वाली शाम, दिवाली की वो लक्ष्मी बनकर धन बरसाने वाली रात – सबमें बस उनकी मेहरबानी दिखती है। जब कन्या रूप में माँ आती हैं, तो परिवार के साथ होली खेलती हैं, रंगों की थाली हाथ में थामे हँसती-खेलतीं, जैसे घर ही उनका अपना दरबार हो। दशहरे पर विजयादशमी की बेला में घर खुशियों का मेला बन जाता है, क्योंकि माँ राम में भी दरस देती हैं, रावण के अहंकार को हराकर सच्ची जीत का संदेश देती हैं।

दिवाली आती है तो लक्ष्मी रूप में माँ प्यार का उपहार लेकर भंडार भर देती हैं, तिजोरी कभी खाली नहीं रहती। ये खुशहाली, ये रौनक, ये आँगन की चमक – सब उनकी कृपा का नतीजा है। माँ शेरावाली जब आशीर्वाद बरसाती हैं, तो होली में रंग, दशहरे में विजय, दिवाली में दीपक – सब कुछ मिलकर जीवन को रोशन कर देते हैं। बस थोड़ा सा भरोसा रखो, थोड़ा सा नाम जपो, और देखो कैसे हर पर्व में उनकी मौजूदगी महसूस होती है, जैसे माँ खुद कह रही हों, “बेटा, मैं तो तेरे आँगन में ही हूँ, बस पुकार ले।” 
 
Saroj Jangir Author Admin - Saroj Jangir

इस ब्लॉग पर आप पायेंगे मधुर और सुन्दर,हरियाणवी सोंग्स गढ़वाली सोंग्स लिरिक्स आध्यात्मिक भजन गुरु भजन, सतगुरु भजन का संग्रह। इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको सुन्दर भजनों के बोल उपलब्ध करवाना है। आप इस ब्लॉग पर अपने पसंद के गायक और भजन केटेगरी के भजन खोज सकते हैं....अधिक पढ़ें

Next Post Previous Post