विनती सुनिए नाथ हमारी हृदय स्वर भजन
विनती सुनिए नाथ हमारी हृदय स्वर हरी हृदय बिहारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
हृदय स्वर हरी, हृदय बिहारी
मोर मुकुट पीतांबरधारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
जनम-जनम की लगी लगन है
साक्षी तारों भरा गगन है
गिन-गिन सांसें आस कहती हैं
आएंगे श्रीकृष्ण मुरारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
सतत प्रतीक्षा, अपलक लोचन
हे भव-बाधा, विपत्ति-विमोचन
स्वागत का अधिकार दीजिए
शरणागत हैं नयन पुजारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
और कहूं क्या, अंतर्यामी
तन-मन-धन, प्राणों के स्वामी
करुणाकर आकर ये कहिए
स्वीकारी विनती, स्वीकारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
हृदय स्वर हरी, हृदय बिहारी
मोर मुकुट पीतांबरधारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
जनम-जनम की लगी लगन है
साक्षी तारों भरा गगन है
गिन-गिन सांसें आस कहती हैं
आएंगे श्रीकृष्ण मुरारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
सतत प्रतीक्षा, अपलक लोचन
हे भव-बाधा, विपत्ति-विमोचन
स्वागत का अधिकार दीजिए
शरणागत हैं नयन पुजारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
और कहूं क्या, अंतर्यामी
तन-मन-धन, प्राणों के स्वामी
करुणाकर आकर ये कहिए
स्वीकारी विनती, स्वीकारी
विनती सुनिए नाथ हमारी
Vinti He Nath | विनती हे नाथ | जगतदाता श्री कृष्ण भगवान से करुणामयी विनती | by Krishna Agarwal
ऐसे ही अन्य भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार भजनों को ढूंढें.
पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।
Song: Vinti He Nath
Singer: Krishna Agarwal
Music: Rajen Bhaskar
Lyricist:
Video: Shyam Creations
मन में गहरे विश्वास और प्रेम के साथ एक पुकार उठती है, जिसमें जीवन के हर क्षण, हर सांस में उसी परमात्मा के आने की प्रतीक्षा है। ह्रदय की गहराइयों से यही स्वर निकलता है कि वह कृपा करके पुकार सुन ले। मोर मुकुट और पीताम्बरधारी उस प्रिय का ध्यान हर पल मन में बसा रहता है।
अनेक जन्मों से यह लगन लगी है, और पूरा आकाश, तारे, सब साक्षी हैं इस प्रतीक्षा के। हर सांस में यही आस बसी है कि वह प्रिय प्रभु अवश्य आएंगे और दर्शन देंगे। आंखें लगातार उसी राह को निहारती हैं, और मन में यह विश्वास है कि जीवन की हर बाधा, हर विपत्ति को वही दूर करेगा।
मन में यही कामना है कि स्वागत करने का सौभाग्य मिले, उसकी शरण में आने का अधिकार मिले। आंखें उसकी प्रतीक्षा में पूजा करती हैं, और मन पूरी तरह समर्पित है। अंतर्यामी प्रभु सब जानते हैं—तन, मन, धन, प्राण सब उसी के हैं। करुणा की प्रतीक वह परमात्मा आएं और यह स्वीकार करें कि उसकी पुकार, उसकी विनती सुन ली गई है। यही सबसे बड़ी अभिलाषा और आत्मिक तृप्ति है।
यह भजन भी देखिये
तू है थानेदार सांवरे करले गिरफ्तार
चाँदी का पालना लायो मारा सेठ जी भजन
बन गए श्याम तेरे बावरे सांवरे
सांवरिया नाम तुम्हारो लागे मन जीते प्यारा
श्रृंगार तेरा देखा तो तुझ में खो गया हूँ
ऐसे ही अन्य भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार भजनों को ढूंढें.
पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।
Song: Vinti He Nath
Singer: Krishna Agarwal
Music: Rajen Bhaskar
Lyricist:
Video: Shyam Creations
मन में गहरे विश्वास और प्रेम के साथ एक पुकार उठती है, जिसमें जीवन के हर क्षण, हर सांस में उसी परमात्मा के आने की प्रतीक्षा है। ह्रदय की गहराइयों से यही स्वर निकलता है कि वह कृपा करके पुकार सुन ले। मोर मुकुट और पीताम्बरधारी उस प्रिय का ध्यान हर पल मन में बसा रहता है।
अनेक जन्मों से यह लगन लगी है, और पूरा आकाश, तारे, सब साक्षी हैं इस प्रतीक्षा के। हर सांस में यही आस बसी है कि वह प्रिय प्रभु अवश्य आएंगे और दर्शन देंगे। आंखें लगातार उसी राह को निहारती हैं, और मन में यह विश्वास है कि जीवन की हर बाधा, हर विपत्ति को वही दूर करेगा।
मन में यही कामना है कि स्वागत करने का सौभाग्य मिले, उसकी शरण में आने का अधिकार मिले। आंखें उसकी प्रतीक्षा में पूजा करती हैं, और मन पूरी तरह समर्पित है। अंतर्यामी प्रभु सब जानते हैं—तन, मन, धन, प्राण सब उसी के हैं। करुणा की प्रतीक वह परमात्मा आएं और यह स्वीकार करें कि उसकी पुकार, उसकी विनती सुन ली गई है। यही सबसे बड़ी अभिलाषा और आत्मिक तृप्ति है।
यह भजन भी देखिये
तू है थानेदार सांवरे करले गिरफ्तार
चाँदी का पालना लायो मारा सेठ जी भजन
बन गए श्याम तेरे बावरे सांवरे
सांवरिया नाम तुम्हारो लागे मन जीते प्यारा
श्रृंगार तेरा देखा तो तुझ में खो गया हूँ
|
Author - Saroj Jangir
इस ब्लॉग पर आप पायेंगे मधुर और सुन्दर भजनों का संग्रह । इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको सुन्दर भजनों के बोल उपलब्ध करवाना है। आप इस ब्लॉग पर अपने पसंद के गायक और भजन केटेगरी के भजन खोज सकते हैं....अधिक पढ़ें। |
