धीरे धीरे आ रे बादल धीरे धीरे आ रे लिरिक्स
बादल धीरे धीरे जा
मेरा बुलबुल सो रहा है शोरगुल ना मचा
रात धुंधली हो गयी है
सारी दुनिया सो गयी है
सह्जला के कह रही हैं
फूल क्यारी में
सो गयी लैला किसी के इंतजारी में
मेरी लैला को ओ बादल तू नज़र ना लगा
मेरा बुलबुल सो रहा है शोरगुल ना मचा
बादल धीरे धीरे जा
ओ गाने वाले धीरे गाना
गीत तू अपना
क्यों ?
अरे टूट जाएगा किसी की आँख का सपना
चुपके चुपके कह रहा है मुझसे मेरा दिल
आ गयी देखो मुसाफिर प्यार की मंजिल
कौन गाता है रुबाई रे
फिर ये किसकी याद आई रे
किस ने पहना दी है बोलो
किस ने पहना दी है मुझको प्रेम की माला
किस ने मेरी ज़िन्दगी का रंग बदल डाला
तुम कहोगे प्रीत इस को तुम कहोगे प्यार
मैं कहूँ दो दिल मिले हैं खिल गया संसार
दो दिलों की ये कहानी तू भी सुनता जा
ओ बादल तू भी सुनता जा
मेरा बुलबुल सो रहा है शोरगुल ना मचा
रात धुंधली हो गयी है
सारी दुनिया सो गयी है
सह्जला के कह रही हैं
फूल क्यारी में
सो गयी लैला किसी के इंतजारी में
मेरी लैला को ओ बादल तू नज़र ना लगा
मेरा बुलबुल सो रहा है शोरगुल ना मचा
बादल धीरे धीरे जा
ओ गाने वाले धीरे गाना
गीत तू अपना
क्यों ?
अरे टूट जाएगा किसी की आँख का सपना
चुपके चुपके कह रहा है मुझसे मेरा दिल
आ गयी देखो मुसाफिर प्यार की मंजिल
कौन गाता है रुबाई रे
फिर ये किसकी याद आई रे
किस ने पहना दी है बोलो
किस ने पहना दी है मुझको प्रेम की माला
किस ने मेरी ज़िन्दगी का रंग बदल डाला
तुम कहोगे प्रीत इस को तुम कहोगे प्यार
मैं कहूँ दो दिल मिले हैं खिल गया संसार
दो दिलों की ये कहानी तू भी सुनता जा
ओ बादल तू भी सुनता जा
फ़िल्म: किस्मत (1943)
संगीतकार: अनिल विश्वास
निर्देशक: ज्ञान मुखर्जी
गीतकार: कवि प्रदीप
धीर धीर आ रे बादल 1943 की फिल्म किस्मत का एक गाना है जिसमें अशोक कुमार, मुमताज शांति और शाह नवाज ने अभिनय किया है। संगीत अनिल बिस्वास ने दिया था और गीत कवि प्रदीप ने लिखे थे।
संगीतकार: अनिल विश्वास
निर्देशक: ज्ञान मुखर्जी
गीतकार: कवि प्रदीप
धीर धीर आ रे बादल 1943 की फिल्म किस्मत का एक गाना है जिसमें अशोक कुमार, मुमताज शांति और शाह नवाज ने अभिनय किया है। संगीत अनिल बिस्वास ने दिया था और गीत कवि प्रदीप ने लिखे थे।
- Mera Rang De Basanti Chola Meaning ओ मेरा रंग दे बसंती चोला मीनिंग
- हे मातृभूमि तेरे चरणों में सिर नवाऊँ Hey Matrabhumi Tere Charano Me
- सुन सुन सुन मेरे नन्हे सुन सोंग Pyar Ki Ganga Bahe Desh Me Eka Rahe Patriotic Song
- अरूज़े कामयाबी पर कभी तो हिन्दुस्तां होगा Aruje Kamayabi par
- सरफ़रोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है Sarfaroshi Ki Tamanna Deshbhakti
- सुन सुन मेरे नन्हे सुन Sun Sun Mere Nanhe Sun Pyar Ki Ganga Bahe
धीर धीर आ रे बादल" गीत 1943 की फिल्म "किस्मत" का एक प्रसिद्ध गीत है। यह एक प्रेम गीत है जो एक प्रेमी को अपनी प्रेमिका को धीरे से जाने के लिए कहता है ताकि वह सो न जाए। गीत की शुरुआत में, गायक अपनी प्रेमिका को सोते हुए देखता है और उसे डर है कि बादल का शोर उसे जगाएगा। वह बादल से धीरे-धीरे जाने के लिए कहता है ताकि उसकी प्रेमिका सोती रहे।
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Author - Saroj Jangir
दैनिक रोचक विषयों पर में 20 वर्षों के अनुभव के साथ, मैं एक विशेषज्ञ के रूप में रोचक जानकारियों और टिप्स साझा करती हूँ, मेरे इस ब्लॉग पर। मेरे लेखों का उद्देश्य सामान्य जानकारियों को पाठकों तक पहुंचाना है। मैंने अपने करियर में कई विषयों पर गहन शोध और लेखन किया है, जिनमें जीवन शैली और सकारात्मक सोच के साथ वास्तु भी शामिल है....अधिक पढ़ें। |
