छाया रे बसंती रंग लो फागुन आया रे

छाया रे बसंती रंग लो फागुन आया रे


छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे,
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे।
याद श्याम की आई, फिर से चली रे पूरवाई,
याद श्याम की आई, फिर से चली रे पूरवाई।
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे...।

भक्तों ने खाटू की गलियां हैं सजाई,
बाबा ने सबको आवाज लगाई,
आओ मेरे आंख के तारो, देर करो ना प्यारो,
आओ मेरे आंख के तारो, देर करो ना प्यारो।
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे...।

देखो सजी दुल्हन-सी, खाटू की नगरीया,
सज-धज दुल्हा-सा, बैठा है सांवरिया,
प्यारा-प्यारा श्याम सलोना, लग रहा सोना-सोना,
प्यारा-प्यारा श्याम सलोना, लग रहा सोना-सोना।
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे...।

श्याम ध्वजाओं का, सैलाब-सा आया,
गूंज उठी जयकार, जादू-सा है छाया,
लंबी लगी कतारें, ये मदमस्त नजारे,
लंबी लगी कतारें, ये मदमस्त नजारे।
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे...।

सांवरे के मंदिर में, खेलें आज होली,
थोड़ी शरारत हो, थोड़ी हो ठिठोली,
रंग-अबीर उड़ाएं, झूमें-नाचें गाएं,
रंग-अबीर उड़ाएं, झूमें-नाचें गाएं।
छाया रे बसंती रंग, लो फागुन आया रे...।


Chhaya Re Basanti Rang

ऐसे ही अन्य भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार भजनों को ढूंढें.
 

पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।

 
Chhaya Re Basanti Rang · Sanju Sharma
Lo Fagun Aaya Re

Saroj Jangir Author Author - Saroj Jangir

इस ब्लॉग पर आप पायेंगे मधुर और सुन्दर भजनों का संग्रह । इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको सुन्दर भजनों के बोल उपलब्ध करवाना है। आप इस ब्लॉग पर अपने पसंद के गायक और भजन केटेगरी के भजन खोज सकते हैं....अधिक पढ़ें

Next Post Previous Post