शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गाये भजन

शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गाये भजन

शिवनाथ तेरी महिमा आ आ आ
शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गए

नाचे धरा गगन तो आ आ आ
नाचे धरा गगन तो झूमे दसों दिशाएं
शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गए

तू देव सबसे न्यारा तुझको नमन हमारा
तू देव सबसे न्यारा तुझको नमन हमारा
लायी है तेरे दवारे दर्शन की कामनाये
शिवनाथ तेरी महिमा

पंछी पवन सुनाये नाचे धरा गगन तो
झूमे दसों दिशाएं शिवनाथ तेरी महिमा जब
तीन लोक गाये  मस्तक पे चन्दर आधा
है रूप तेरा सादा मस्तक पे चन्दर आधा
है रूप तेरा सादा आयी है गैंग
धरा लेकर तेरी जताये शिवनाथ तेरी महिमा

शिवनाथ तेरी महिमा तारे गगन के गए
नाचे धरा गगन तो झूमे दसों दिशाएं
शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गए

है प्रेम की सुधा भी है रूपचंद्रिका भी
हो नील कण्ठ वाले कैसे तुझे रिझाये
शिवनाथ तेरी महिमा सब देव लोक गए
नाचे धरा गगन तो आ आ आ
नाचे धरा गगन तो झूमे दसों दिशाएं
शिवनाथ तेरी महिमा जब तीन लोक गए



श्रावण मास मे शिवनाथ की महिमा

ऐसे ही मधुर भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार सोंग्स को ढूंढें.
 

पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।

 
Saroj Jangir Author Admin - Saroj Jangir

इस ब्लॉग पर आप पायेंगे मधुर और सुन्दर,हरियाणवी सोंग्स गढ़वाली सोंग्स लिरिक्स आध्यात्मिक भजन गुरु भजन, सतगुरु भजन का संग्रह। इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको सुन्दर भजनों के बोल उपलब्ध करवाना है। आप इस ब्लॉग पर अपने पसंद के गायक और भजन केटेगरी के भजन खोज सकते हैं....अधिक पढ़ें

Next Post Previous Post