तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है भजन

तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है भजन

तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।

ना माता पिता मित्र कोई भी जग में,
हितैषी तेरा सा सहारा नहीं है,
तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।

कृपा करते मुझपे हिचकते हो मोहन,
क्या मुझसे अधम कोई तारा नहीं है,
तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।

तरें किस तरह नाथ संसार सागर,
कहीं भी तो दिखे किनारा नहीं है,
तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।

पतित राम से जो ही ना आओगे भगवान,
तो इसमें लाज क्या तुम्हारा नहीं है,
तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।

तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है,
अभय हो जिसे पा सहारा नहीं है।।



तुम्हें छोड़ कोई हमारा नहीं है | पद : श्री हरे राम बाबा | वाणी: श्री राजेन्द्र दास जी महाराज

ऐसे ही मधुर भजनों के लिए आप होम पेज / गायक कलाकार के अनुसार सोंग्स को ढूंढें.
 

पसंदीदा गायकों के भजन खोजने के लिए यहाँ क्लिक करें।

 
 
Shri Rajendra Das Ji Maharaj (Malook Peeth Vrindavan) is initiated in a pious Virakt Parampara of Ramanand Sampraday (largest Vaishnav sampradaya). Maharajji is an Ananya devotee of Shri Ram Krishna Narayan.
 
Saroj Jangir Author Admin - Saroj Jangir

इस ब्लॉग पर आप पायेंगे मधुर और सुन्दर,हरियाणवी सोंग्स गढ़वाली सोंग्स लिरिक्स आध्यात्मिक भजन गुरु भजन, सतगुरु भजन का संग्रह। इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको सुन्दर भजनों के बोल उपलब्ध करवाना है। आप इस ब्लॉग पर अपने पसंद के गायक और भजन केटेगरी के भजन खोज सकते हैं....अधिक पढ़ें

Next Post Previous Post